चेक बाउंस विवाद में दिल्ली के कारोबारी की शिकायत, सीजेएम के आदेश पर न्यू आगरा पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
Agra Desk, 🌐 tajnews.in | Monday, 10 August, 2026, 9:15:00 PM IST.

tajnews.in | आगरा: शहर के उद्योगपति विवेक बैनारा और उनके सहयोगी अरविंद कुमार के खिलाफ धमकी देने और रंगदारी मांगने के आरोप में न्यू आगरा थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। दिल्ली के कारोबारी विनोद कुमार की शिकायत पर यह कार्रवाई सीजेएम कोर्ट के आदेश के बाद हुई। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि कोर्ट परिसर के बाहर उन्हें तमंचा दिखाकर धमकाया गया और गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी गई। इसके अलावा व्हाट्सऐप पर धमकी भरे संदेश भेजे जाने का भी आरोप लगाया गया है।
चेक बाउंस मामले को लेकर चल रहा था विवाद
शिकायतकर्ता विनोद कुमार के अनुसार, उनका विवेक बैनारा के साथ चेक बाउंस से जुड़े एक मामले को लेकर विवाद चल रहा था। आरोप है कि कोर्ट की कार्यवाही के बाद विवेक बैनारा के बरी होने के बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद और बढ़ गया।
विनोद कुमार का आरोप है कि कोर्ट की कार्यवाही के बाद कोर्ट परिसर के बाहर विवेक बैनारा ने उन्हें तमंचा दिखाकर धमकाया। शिकायत के मुताबिक, इस दौरान गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी देने के साथ कथित रूप से रंगदारी की मांग भी की गई।
व्हाट्सऐप पर धमकी भरे संदेश भेजने का आरोप
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि 14 जून को उनके व्हाट्सऐप पर धमकी भरे संदेश भेजे गए। उनका कहना है कि इन संदेशों के माध्यम से उन पर दबाव बनाने और धमकाने का प्रयास किया गया।
विनोद कुमार के मुताबिक, उन्होंने पूरे मामले की शिकायत पुलिस से की, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने पर न्यायालय की शरण ली।
सीजेएम के आदेश पर दर्ज हुई FIR
मामले की सुनवाई के बाद सीजेएम कोर्ट ने न्यू आगरा थाना पुलिस को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए। इसके बाद पुलिस ने विवेक बैनारा और अरविंद कुमार को आरोपी बनाते हुए एफआईआर दर्ज कर ली।
अब पुलिस शिकायत में लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है। कोर्ट परिसर के बाहर कथित रूप से तमंचा दिखाकर धमकाने और व्हाट्सऐप पर भेजे गए संदेशों से संबंधित साक्ष्यों को भी जांच में शामिल किया जाएगा।
पुलिस शिकायतकर्ता और आरोपियों के बीच चल रहे विवाद की पृष्ठभूमि तथा लगाए गए आरोपों की भी जांच करेगी। साथ ही शिकायत में लगाए गए आरोपों के समर्थन में उपलब्ध साक्ष्यों की भी पड़ताल की जाएगी।
जांच के बाद स्पष्ट होगी आरोपों की स्थिति
एफआईआर दर्ज होने के बाद मामला चर्चा में है। हालांकि, एफआईआर में लगाए गए आरोपों को अभी आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए। इनकी पुष्टि पुलिस की जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही होगी। आरोपी पक्ष का पक्ष सामने आने पर उसे भी खबर में शामिल किया जाना उचित होगा।
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Pawan Kumar Singh
Chief Editor, Taj News
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