संभल में बरसे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ: ‘अब नहीं चलेगी किसी की तुर्कई, हरिहर भगवान की मर्जी और आस्था से चमकेगा संभल’

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Moradabad Desk, 🌐 [tajnews.in] | Saturday, 18 July, 2026, 05:07:00 PM IST.

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tajnews.in | संभल/मुरादाबाद: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को संभल जनपद के बहजोई स्थित फत्तेहपुर शरीफनगर गांव में आयोजित एक भव्य जनसभा के दौरान विपक्ष और भू-माफियाओं पर चौतरफा विधिक प्रहार किया। मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के विकास को नई गति देते हुए 569 करोड़ रुपये की कुल 68 महत्वपूर्ण विकास परियोजनाओं का भव्य लोकार्पण और शिलान्यास किया। जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने बेहद आक्रामक और कड़े लहजे में कहा कि तुर्कई दिखाने वाले और खुद को विदेशी आक्रांताओं का वंशज बताने वालों का दौर अब पूरी तरह समाप्त हो चुका है। अब संभल की पावन धरा पर वही होगा जो भगवान हरिहर मंदिर की महान सनातन परंपरा और आस्था के अनुरूप होगा। उन्होंने दो टूक चेतावनी दी कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वाले अपराधियों और दंगाइयों के लिए उत्तर प्रदेश में अब केवल दो ही जगह बची हैं—या तो जेल या फिर जहन्नुम।

HIGHLIGHTS
  1. ऐतिहासिक विकास सौगात: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संभल को दी 569 करोड़ रुपये की 68 विकास परियोजनाओं की बड़ी सौगात।
  2. भू-माफियाओं का दमन: प्रशासन द्वारा अवैध कब्जे से मुक्त कराई गई लगभग 10,000 एकड़ सरकारी जमीन के पट्टे गरीब व भूमिहीन परिवारों को वितरित।
  3. धार्मिक पुनरुद्धार: संभल के ऐतिहासिक 68 प्राचीन तीर्थों के जीर्णोद्धार और भव्य 24 कोसी परिक्रमा मार्ग के चौड़ीकरण परियोजना को विधिक मंजूरी।
  4. भव्य सांस्कृतिक उपहार: चंदौसी में भगवान गणपति की 145 फीट ऊंची तथा मर्यादा पुरुषोत्तम प्रभु श्रीराम की 151 फीट ऊंची विशाल प्रतिमाओं का अनावरण।

500 वर्ष पुराने घावों पर मरहम, विदेशी आक्रांताओं की मानसिकता पर कड़ा प्रहार

प्रस्तावित इंटीग्रेटेड मुख्यालय भवन परिसर में आयोजित इस विशाल जनसभा में मुख्यमंत्री ने संभल, चंदौसी, गुन्नौर और असमोली विधानसभा क्षेत्रों की प्रगति का विन्यास साझा किया। उन्होंने 68.96 करोड़ रुपये की 12 विकास योजनाओं का लोकार्पण किया, जबकि करीब 500 करोड़ रुपये की 56 नई विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी। अपने संबोधन के दौरान इतिहास के पन्नों को पलटते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि संभल श्रीहरि विष्णु के दसवें अवतार की भूमि और सत्यव्रत की पावन धरोहर है। लेकिन वर्ष 1526 में विदेशी आक्रांताओं ने यहाँ की आस्था, संस्कृति और 68 पवित्र तीर्थों को रौंदने व नष्ट करने का घिनौना पाप किया था। पूर्ववर्ती कांग्रेस और समाजवादी पार्टी की सरकारों ने हमेशा इस कड़वे सच को दबाने का प्रयास किया और अपराधियों को राजनीतिक संरक्षण दिया, जिसके कारण वर्ष 1976 और 1978 के दंगों में सैकड़ों निर्दोष नागरिकों की हत्याएं हुईं और किसी को न्याय नहीं मिला।

मुख्यमंत्री ने आगे गरजते हुए कहा कि रिकॉर्ड नष्ट किए जा सकते हैं, परंतु सत्य को कभी पराजित नहीं किया जा सकता, जिसका जीता-जागता प्रमाण अयोध्या में बनकर खड़ा हुआ प्रभु श्रीराम का भव्य मंदिर है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले विपक्षी तुष्टीकरण के कारण लोग संभल का नाम लेने से भी हिचकिचाते थे, क्योंकि यहाँ एक विशेष सिंडिकेट खुद को बाबर का वंशज बताकर स्थानीय मुसलमानों और बहुसंख्यक समाज दोनों को अपमानित करता था। मुख्यमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि डबल इंजन की भाजपा सरकार में अब ऐसी तुर्कई बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अब इस क्षेत्र में केवल सुशासन और भगवान हरिहर की मर्जी का विन्यास ही लागू होगा, जहां किसी भी गरीब, पिछड़े या वंचित के अधिकारों का हनन करने की हिम्मत कोई बाहुबली नहीं कर सकेगा।

10 हजार एकड़ सरकारी जमीन भू-माफियाओं से मुक्त, कांवड़ रोकने वालों को चेतावनी

भू-माफियाओं के खिलाफ उत्तर प्रदेश सरकार की कड़ी कार्रवाई की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रशासन ने अदम्य साहस दिखाते हुए संभल क्षेत्र में करीब 10,000 एकड़ सरकारी और सार्वजनिक भूमि को भू-माफियाओं के अवैध चंगुल से पूरी तरह मुक्त करा लिया है। माफियाओं ने अपने अवैध विन्यास को छिपाने के लिए सरकारी राजस्व अभिलेखों तक को नष्ट करने की साजिश रची थी, जिसे विफल कर दिया गया। मुख्यमंत्री ने मंच से स्वयं इन जमीनों के विधिक पट्टे दलितों, पिछड़ों और भूमिहीन गरीब परिवारों को सौंपे, जो पिछले 50 वर्षों से बेदखल थे। उन्होंने पूर्ववर्ती सरकारों में व्याप्त भ्रष्टाचार पर तंज कसते हुए कहा कि कांग्रेस के राज में 100 रुपये में से केवल 15 रुपये गरीबों तक पहुंचते थे, लेकिन आज डिजिटल विन्यास के तहत मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री द्वारा बटन दबाते ही शत-प्रतिशत धनराशि सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर हो जाती है।

विपक्षी दलों को आड़े हाथों लेते हुए उन्होंने कहा कि जो लोग कांवड़ यात्रा, श्रीकृष्ण जन्माष्टमी, रामनवमी और दुर्गा पूजा जैसे सनातन धार्मिक आयोजनों पर दमनकारी रोक लगाते थे, उन्हें देश की महान सांस्कृतिक विरासत से कोई सरोकार नहीं है। सरकार अब संभल में भव्य आधुनिक पुलिस लाइन, पीएसी (PAC) की नई बटालियन और इंटीग्रेटेड जिला मुख्यालय का निर्माण करा रही है। इसके साथ ही, संभल को फोरलेन सड़कों से जोड़ने और महत्वाकांक्षी गंगा एक्सप्रेसवे को मेरठ, हरिद्वार व प्रयागराज से जोड़ने का विधिक कार्य युद्धस्तर पर जारी है, जिससे दिल्ली और प्रयागराज की दूरी बेहद कम हो जाएगी। मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि भविष्य में जब भगवान कल्कि का अवतार होगा, तब संपूर्ण विश्व के श्रद्धालु यहाँ हरिहर मंदिर के दर्शन हेतु आएंगे, इसलिए इस पावन धरोहर का संरक्षण करना प्रत्येक राष्ट्रभक्त नागरिक का परम विधिक दायित्व है।

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