मौत की जानकारी छिपाकर एक लाख रुपये वसूलने का आरोप, अस्पताल की जांच में जुटी पुलिस

खबर शेयर कीजिए

गर्भाशय में गांठ के ऑपरेशन के लिए भर्ती महिला की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल कर्मियों पर इलाज के नाम पर रकम लेने और मौत की जानकारी छिपाने का आरोप लगाया; अस्पताल प्रबंधन का पक्ष उपलब्ध नहीं

आगरा डेस्क, 🌐 tajnews.in | शनिवार, 29 अगस्त 2026, 07:40:12 AM IST

Taj News Logo
Taj News
आगरा डेस्क

tajnews.in | आगरा: आवास विकास कॉलोनी सेक्टर-12 स्थित एक अस्पताल में ऑपरेशन के दौरान एक महिला की मौत के बाद उसके परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन और कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि महिला की मौत हो जाने के बाद भी उनसे इलाज और ऑपरेशन के नाम पर एक लाख रुपये जमा कराए गए तथा उन्हें समय पर महिला की वास्तविक स्थिति की जानकारी नहीं दी गई। सूचना मिलने पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

HIGHLIGHTS
  1. आवास विकास कॉलोनी सेक्टर-12 स्थित निजी अस्पताल पर महिला की मौत छिपाने का आरोप।
  2. गर्भाशय की गांठ के ऑपरेशन के दौरान बिगड़ी थी तबीयत, ICU में भर्ती कर परिजनों को मिलने से रोका।
  3. परिजनों का आरोप—मौत के बाद भी इलाज के नाम पर वसूल लिए गए ₹1 लाख, पति के पहुंचने पर हुआ खुलासा।
  4. सूचना पर पहुंची पुलिस ने शुरू की दस्तावेजों और परिस्थितियों की जांच, अस्पताल प्रबंधन का पक्ष नहीं आया।

आवास विकास कॉलोनी सेक्टर-12 निवासी डाली की 35 वर्षीय बहन बबीता को 23 अगस्त को गर्भाशय में गांठ के ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों के अनुसार, भर्ती के बाद महिला की जांच कराई गई और ऑपरेशन की तैयारी शुरू की गई।

परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान बबीता की तबीयत बिगड़ने पर उसे आईसीयू (ICU) में भर्ती कर दिया गया। उनका कहना है कि इसके बाद अस्पताल कर्मियों ने उन्हें मरीज से मिलने नहीं दिया और इलाज के नाम पर लगातार रकम जमा कराने को कहा गया।

ऑपरेशन के बाद मरीज से मिलने नहीं देने का आरोप

परिजनों के अनुसार, ऑपरेशन के बाद उन्होंने कई बार बबीता से मिलने की कोशिश की, लेकिन उन्हें उससे मिलने की अनुमति नहीं दी गई। आरोप है कि इस दौरान अस्पताल कर्मी लगातार इलाज के लिए पैसे जमा कराने की बात कहते रहे।

परिजनों का कहना है कि पहले उनसे 50 हजार रुपये जमा कराए गए और बाद में अतिरिक्त रकम की मांग की गई। उनका आरोप है कि कुल मिलाकर उनसे एक लाख रुपये जमा कराए गए, लेकिन इसके बावजूद महिला की वास्तविक स्थिति के बारे में स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई।

पति अस्पताल पहुंचा तो महिला की मौत हो चुकी थी

मृतका के पति का आरोप है कि जब वह अस्पताल पहुंचे तो उनकी पत्नी की मौत हो चुकी थी। परिजनों का कहना है कि उन्हें महिला की मौत की जानकारी समय पर नहीं दी गई और उससे पहले इलाज के नाम पर रकम जमा कराई गई।

परिवार ने आरोप लगाया है कि अस्पताल प्रशासन ने महिला की हालत और मौत से जुड़ी जानकारी छिपाते हुए उनसे इलाज के नाम पर पैसे लिए। घटना के बाद परिजनों में आक्रोश है।

पुलिस ने शुरू की जांच

घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है।

जांच के दौरान अस्पताल से जुड़े दस्तावेज, महिला के इलाज की परिस्थितियां, ऑपरेशन की प्रक्रिया और परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की पड़ताल की जाएगी। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

अस्पताल प्रबंधन का पक्ष उपलब्ध नहीं

इस मामले में खबर लिखे जाने तक अस्पताल प्रबंधन का पक्ष उपलब्ध नहीं हो सका है। इसलिए परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है।

महिला की मौत किन परिस्थितियों में हुई, ऑपरेशन के दौरान उसकी हालत कब बिगड़ी और अस्पताल की ओर से परिजनों को क्या जानकारी दी गई, इन सभी बिंदुओं की स्थिति जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और परिजनों के आरोपों तथा अस्पताल से जुड़े सभी तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।

🏷️ ट्रेंडिंग टॉपिक्स & हैशटैग्स:
#AgraHospitalNegligence #AwasVikasSector12 #BabitaDeathCaseAgra #AgraPoliceInvestigation #AgraNews #TajNews

यह भी पढ़ें

इतिहास का वो अद्भुत स्वाद: कैसे चाट, गोल गप्पे बने भारत की सबसे लोकतांत्रिक डिश | बृज खंडेलवाल पासपोर्ट है, नागरिकता नहीं! भारतीय पहचान का नया गणित | वरिष्ठ पत्रकार बृज खंडेलवाल का प्रहार काफी हुआ है, बहुत बाकी है! चमकते एक्सप्रेसवे, जर्जर इंसाफ़: क्या सिर्फ़ सड़कें विकसित होने से देश विकसित होता है? | बृज खंडेलवाल सुप्रीम कोर्ट ने पैदल चलने को मौलिक अधिकार बनाया, अब परीक्षा आगरा की है | बृज खंडेलवाल का विशेष विश्लेषण “जनता मालिक, प्रतिनिधि सेवक: लोकतंत्र में वास्तविक VIP कौन?” | डॉ प्रमोद कुमार का विशेष विश्लेषण
Pawan Kumar Singh Editor in Chief Taj News

Pawan Kumar Singh

Chief Editor, Taj News


खबर शेयर कीजिए

Leave a Comment