टॉयलेट के पास विवाद के बाद वेंडर और अन्य युवकों पर बर्बरता का आरोप; बीच-बचाव करने पहुंचे सहयात्री को भी पीटा, झांसी से आगरा मंडल तक आरपीएफ की जांच शुरू
आगरा डेस्क, 🌐 tajnews.in | बुधवार, 9 सितंबर 2026, 11:55:35 AM IST

tajnews.in | आगरा/झांसी। गीता जयंती एक्सप्रेस में महिला यात्री के साथ कथित मारपीट का 1 मिनट 55 सेकेंड का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद रेलवे प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। वायरल वीडियो में कुछ युवक महिला को फर्श पर गिराकर मारपीट करते दिखाई दे रहे हैं। आरोप है कि महिला के बाल पकड़कर उसे घसीटा गया और थप्पड़ व लात-घूंसों से हमला किया गया। महिला को बचाने पहुंचे एक सहयात्री के साथ भी मारपीट किए जाने का दावा है।
मामला ट्रेन नंबर 11842 कुरुक्षेत्र-खजुराहो गीता जयंती एक्सप्रेस का बताया जा रहा है। शिकायत मिलने के बाद आरपीएफ ने झांसी से आगरा मंडल तक घटनाक्रम की पड़ताल शुरू कर दी है। सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं और वीडियो में दिखाई दे रहे लोगों की पहचान का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि रेलवे ने अभी वायरल वीडियो में दिख रहे घटनाक्रम और उसकी परिस्थितियों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की है।
टॉयलेट के पास विवाद के बाद बढ़ा मामला
शिकायतकर्ता यात्री शुभम के मुताबिक, रविवार को ट्रेन के एक कोच में टॉयलेट के पास पीली साड़ी पहने महिला और एक युवक के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ। शिकायत में युवक को ट्रेन का वेंडर बताया गया है।
आरोप है कि बहस के दौरान युवक ने महिला की साड़ी खींच दी। महिला ने विरोध करते हुए प्लास्टिक की बोतल से युवक को मारने की कोशिश की। इसके बाद विवाद ने हिंसक रूप ले लिया और युवक ने महिला के साथ मारपीट शुरू कर दी।
बाल पकड़कर घसीटने का आरोप
वायरल वीडियो में महिला को फर्श पर गिराकर मारपीट करते हुए कुछ लोग दिखाई दे रहे हैं। शिकायत के मुताबिक, महिला के बाल पकड़कर उसे घसीटा गया और थप्पड़ तथा लातें मारी गईं।
कुछ देर बाद दो अन्य युवक भी मौके पर पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने भी महिला के साथ मारपीट की। कोच में मौजूद यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई और कुछ लोगों ने बीच-बचाव की कोशिश की।
महिला को बचाने पहुंचे यात्री से भी मारपीट
महिला को बचाने के लिए एक सहयात्री आगे आया। आरोप है कि मारपीट कर रहे लोगों ने उसके साथ भी हाथापाई शुरू कर दी। पीछे से पहुंचे दो अन्य युवकों पर भी महिला और बीच-बचाव करने वाले यात्री के साथ मारपीट में शामिल होने का आरोप लगाया गया है।
घटना का वीडियो साइड अपर बर्थ पर बैठे एक यात्री ने मोबाइल से रिकॉर्ड किया। बाद में वीडियो को रेलवे के एक्स हैंडल पर साझा कर शिकायत की गई, जिसके बाद मामला रेलवे अधिकारियों के संज्ञान में आया।
बच्चों के सामने मारपीट का दावा
रिपोर्ट के मुताबिक, महिला अपने दो बच्चों के साथ यात्रा कर रही थी और मारपीट बच्चों के सामने हुई। इस पहलू ने घटना को और गंभीर बना दिया है। हालांकि महिला के साथ यात्रा कर रहे बच्चों और घटना के दौरान उनकी स्थिति की आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
रेलवे जांच में घटना का पूरा क्रम, महिला और दूसरे यात्रियों के बीच विवाद की वजह तथा मारपीट में शामिल लोगों की पहचान स्पष्ट करने का प्रयास किया जा रहा है।
झांसी से आगरा तक जांच, सीसीटीवी खंगाले जा रहे
वीडियो सामने आने के बाद आरपीएफ ने घटना की पड़ताल शुरू कर दी है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि मारपीट ट्रेन के किस कोच और किस स्थान पर हुई। ट्रेन के संबंधित रेलखंड और स्टेशनों पर उपलब्ध सीसीटीवी रिकॉर्डिंग से भी घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
झांसी मंडल के जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह के अनुसार, वीडियो आरपीएफ कमांडेंट को भेजकर मामले में जानकारी मांगी गई है। फिलहाल घटना के स्थान और वीडियो में दिखाई दे रहे लोगों की पहचान की जा रही है।
डीआरएम ने दिए जांच के आदेश
वायरल वीडियो के बाद झांसी मंडल के डीआरएम अनिरुद्ध कुमार ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। रेलवे उपलब्ध वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की पड़ताल कर रहा है।
जांच में यह भी देखा जाएगा कि ट्रेन में मौजूद स्टाफ को घटना की जानकारी कब मिली, क्या उस समय किसी स्तर पर हस्तक्षेप किया गया और महिला या किसी अन्य यात्री ने तत्काल आरपीएफ अथवा जीआरपी से मदद मांगी थी या नहीं।
ट्रेन में यात्रियों की सुरक्षा पर उठे सवाल
घटना ने चलती ट्रेन में यात्रियों की सुरक्षा और आपात स्थिति में रेलवे की त्वरित प्रतिक्रिया को लेकर सवाल खड़े किए हैं। खासतौर पर यह पता लगाना महत्वपूर्ण होगा कि कोच में मारपीट के दौरान ट्रेन स्टाफ या सुरक्षा कर्मियों को सूचना कितनी देर में मिली और सूचना मिलने के बाद क्या कार्रवाई की गई।
हालांकि इन सवालों के जवाब जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएंगे। फिलहाल रेलवे ने वीडियो और शिकायत के आधार पर पड़ताल शुरू कर दी है।
जांच के बाद स्पष्ट होगी घटना की पूरी तस्वीर
वायरल वीडियो में मारपीट का दृश्य दिखाई दे रहा है, लेकिन घटना की तारीख, सटीक स्थान, विवाद की वास्तविक वजह और उसमें शामिल लोगों की पहचान की आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है। इसलिए जांच पूरी होने से पहले वीडियो में दिखाई दे रहे लोगों को आरोपी या दोषी ठहराना उचित नहीं होगा।
आरपीएफ और रेलवे की जांच में घटना का पूरा क्रम सामने आने की उम्मीद है। यदि आरोपों की पुष्टि होती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ रेलवे नियमों और लागू कानून के तहत कार्रवाई की जा सकती है।
यह भी पढ़ें

Pawan Kumar Singh
Chief Editor, Taj News
7579990777




