Hindu Raksha Dal Pinky Chaudhary arrested Ghaziabad sword distribution case Shalimar Garden

गाजियाबाद डेस्क, Taj News | Published by: ठाकुर पवन सिंह | Updated: Sunday, 11 Jan 2026 11:15 AM IST

गाजियाबाद के शालीमार गार्डन इलाके में तलवारें बांटने के मामले में पुलिस की सख्त कार्रवाई के बाद भी ‘हिंदू रक्षा दल’ के तेवर नरम नहीं पड़ रहे हैं। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष भूपेंद्र उर्फ पिंकी चौधरी और उनके बेटे की गिरफ्तारी के बाद अब संगठन के पदाधिकारियों ने एलान किया है कि जमानत मिलते ही वे फिर से तलवारें बांटेंगे। दूसरी ओर, इस मामले में अनजाने में फंसकर जेल गए लोगों के परिवारों में भारी आक्रोश और डर का माहौल है।

HIGHLIGHTS
  1. 29 दिसंबर को शालीमार गार्डन में बांटी गई थीं तलवारें, पिंकी चौधरी समेत 12 लोग गिरफ्तार
  2. आर्म्स एक्ट के उल्लंघन में पुलिस ने जब्त की तलवारें; 9 इंच से लंबी तलवार रखना है अपराध
  3. गार्ड और दुकानदार भी गए जेल; परिजनों का आरोप- ‘जबरदस्ती फोटो खींचकर फंसाया गया’

‘सोते हुए पति को थमा दी तलवार’ – पीड़ित परिवार का दर्द

इस मामले में पुलिस ने उन लोगों को भी हिरासत में लिया है जिन्होंने तलवारें ली थीं। गिरफ्तार किए गए एक सोसाइटी गार्ड की पत्नी भावना ने बताया कि उनके पति किसी संगठन का हिस्सा नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया, “मेरे पति घर में सो रहे थे, संगठन के लोग आए और आवाज देकर बुलाया। जैसे ही वे गेट पर गए, उनके हाथ में तलवार थमा दी और नारे लगवाने लगे। उन्हें नहीं पता था कि यह जुर्म है और शाम को पुलिस उन्हें उठाकर ले गई।” इसी तरह एक स्थानीय दुकानदार ने बताया कि उनके भाई को भी सिर्फ फोटो में तलवार के साथ दिखने के कारण जेल जाना पड़ा।

हिंदू रक्षा दल का तर्क: ‘आत्मरक्षा के लिए शस्त्र’

संगठन के राष्ट्रीय संयोजक संकेत कटारा ने ‘Taj News’ से बातचीत में इस कार्रवाई को गलत बताया। उन्होंने तर्क दिया कि बांग्लादेश जैसी स्थिति से बचने और ‘बहन-बेटियों की सुरक्षा’ के लिए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने कहा, “हमने कोई दंगा नहीं किया, सिर्फ आत्मरक्षा के लिए हथियार दिए हैं। हमें पता था केस होगा, लेकिन हम अपने फैसले पर अडिग हैं।” संगठन का दावा है कि उनके 1 लाख से ज्यादा कार्यकर्ता इस अभियान के लिए फंड देते हैं।

क्या कहता है कानून?

कानूनी विशेषज्ञों और आर्म्स एक्ट 1959 के अनुसार, 9 इंच से लंबी तलवार बिना लाइसेंस के रखना और उसका सार्वजनिक प्रदर्शन करना एक दंडनीय अपराध है। इसके लिए आरोपी को 3 साल तक की जेल हो सकती है। गाजियाबाद पुलिस ने इसी आधार पर कार्रवाई करते हुए अब तक कुल 12 लोगों को जेल भेजा है और सभी बांटी गई तलवारें जब्त कर ली हैं।

विवादों से पुराना नाता

पिंकी चौधरी और उनका संगठन पहले भी विवादों में रहा है। अगस्त 2024 में गाजियाबाद की झुग्गियों में ‘बांग्लादेशी’ बताकर लोगों की पिटाई करने और 2021 में जंतर-मंतर पर भड़काऊ नारेबाजी के मामले में भी पिंकी चौधरी जेल जा चुके हैं। प्रशासन अब संगठन की फंडिंग और अन्य गतिविधियों की भी गहन जांच कर रहा है।

✍️ संपादन: ठाकुर पवन सिंह
📧 pawansingh@tajnews.in
📱 अपनी खबर सीधे WhatsApp पर भेजें: 7579990777
👉 TajNews WhatsApp Channel
👉 Join WhatsApp Group
🐦 Follow on X
🌐 tajnews.in

#Ghaziabad #PinkyChaudhary #HinduRaksha Dal #BreakingNews #UPPolice #LawAndOrder #TajNews #SwordCase

By Thakur Pawan Singh

✍️ संपादन: ठाकुर पवन सिंह 📧 pawansingh@tajnews.in 📱 अपनी खबर सीधे WhatsApp पर भेजें: 7579990777 👉 Taj News WhatsApp Channel

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *